ज्योतिर्विद पूषार्क जेतली जी के अनुसार जीवन में जितने भी सुख-संसाधन होते हैं उन सब का विचार शुक्र ग्रह से किया जाता है शुक्र ग्रह प्रेम, विवाह, शैय्या सुख व अनेक चीजों के कारक होते हैं वृषभ इनकी स्वराशि, तुला मूलत्रिकोण, मीन उच्च राशि व कन्या नीच राशि होती है, “ऋषिकेश पंचांग” (काशी) अनुसार 1 नवंबर 2025 को अर्ध रात्रि 04:04 पर शुक्र अपनी नीच राशि कन्या राशि को छोड़कर तुला राशि में प्रवेश करेंगे साथ ही जब शुक्र राशि परिवर्तन कर रहे होंगे तब कन्या लग्न होगा और चंद्रमा राहु एवं शनि के साथ रहेंगे तथा राहु भी शुक्र पर दृष्टि रखेंगे तो चलिए जानते हैं शुक्र के इस गोचर परिवर्तन से विभिन्न राशियों पर क्या प्रभाव पड़ेगा।
मेष राशि
मेष राशि वालों के लिए शुक्र द्वितीय और सप्तम भाव के स्वामी बनकर सप्तम भाव से गोचर करेंगे अतः दाम्पत्य जीवन में कुछ मधुरता आएगी लेकिन राहु का संबंध रहने से अचानक कुछ गलतफहमी या किसी दूसरे व्यक्ति के कारण से थोड़ा तनाव भी संभव रहेगा, जो व्यक्ति नौकरी का काफी समय से प्रयास कर रहे हैं उन्हें नौकरी के नए अवसर प्राप्त होंगे साथ ही कार्य के सिलसिले से यात्रा भी होंगी, विवाह योग्य व्यक्तियों के लिए विवाह हेतु अच्छे रिश्ते मिलेंगे, पार्टनरशिप में कोई भी काम शुरू करने से बचिए और महिलाओं के साथ (विशेष कार्यस्थल पर) व्यर्थ विवाद में पड़ने एवं अधिक विश्वास करने से बचिए।
उपाय:- शुक्रवार के दिन गाय को पके हुए चावल में गुड़ मिलाकर खिलाएं।
वृषभ राशि
वृषभ राशि वालों के लिए शुक्र प्रथम और षष्ठ भाव के स्वामी बनकर षष्ठ भाव से गोचर करेंगे अतः कुछ चतुराई एवं गुप्त युक्ति के बल से शत्रुओं पर विजय प्राप्त होगी किंतु किसी महिला के कारण से तनाव भी संभव है, स्वास्थ के प्रति थोड़ा सचेत रहें, गुप्तांग से जुड़ी या थाइरॉइड या हार्मोन्स से जुड़ी अन्य किसी भी प्रकार की थोड़ी समस्या संभव है, यात्रा या स्थान परिवर्तन के योग बन रहे हैं शुक्र का यह गोचर 10 नवंबर से 16 नवंबर तक उनके लिए विशेष लाभप्रद रहेगा जो विदेश जाने का प्रयास कर रहे हैं और उसी से संबंधित फ़ाइल जमा करने या वीजा का इंतजार कर रहे हों क्योंकि चतुर्थेश सूर्य और राशीश शुक्र का द्वादश भाव से स्पष्ट संबंध है फिर भी शुक्र व सूर्य पर राहु की दृष्टि है अतः कुंडली अनुसार वर्तमान ग्रह की भूमिका महत्वपूर्ण रहेगी, खर्चों में अभी कोई विशेष राहत नही दिखती, खान-पान का थोड़ा ध्यान दीजिए और अधिक तनाव लेने से बचिए।
उपाय:- नित्य सूर्य को जल अर्पित करें एवं किसी छोटी कन्या को चॉकलेट या चिप्स गिफ्ट करिए।
मिथुन राशि
मिथुन राशि वालों के लिए शुक्र पंचम और द्वादश भाव के स्वामी बनकर पंचम भाव से गोचर करेंगे अतः खर्चों में वृद्धि के योग बनते हैं, शुक्र के इस गोचर के दौरान यात्राओं, महिलाओं व संतान पर धन खर्च के योग बनते है साथ ही राहु का भी पंचम भाव से संबंध किसी महिला के कारण से मन में चिंता दे सकता है, नौकरी परिवर्तन के लिए जो व्यक्ति लंबे समय से प्रयास कर रहे हैं उनके लिए यह अच्छा समय रहेगा और उच्च शिक्षा प्राप्ति के लिए विदेश जाने की योजना बनाने का भी यह अच्छा समय रहेगा, जो व्यक्ति संतान की कामना रखते हैं उन्हें संतान से जुड़ा शुभ समाचार भी प्राप्त होगा और चतुराई के साथ लिए गए निर्णयों से आय वृद्धि के माध्यम खुलेंगे।
उपाय:- नित्य लक्ष्मी जी को सफेद फूल, सफेद मीठा और घी का दीपक अर्पित कर के लक्ष्मी चालीसा का पाठ करिए।
कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए शुक्र चतुर्थ और एकादश भाव के स्वामी बनकर चतुर्थ भाव से गोचर करेंगे फलस्वरूप वाहन व घर खरीदने के योग बनेंगे साथ ही घर की सुंदरता को बनाए रखने के लिए योजनाएं बन सकती है, माता का सहयोग व लाभ प्राप्त होगा फिर भी कहीं न कहीं राहु का संबंध भी होने के कारण से घरेलू वातावरण में कुछ नीरसता अनुभव हो सकती है या घर के किसी सदस्य के स्वास्थ्य में कुछ चिंता सी देखने को मिल सकती है, कारोबारियों और नौकरी पेशा लोगों के लिए यह अच्छा समय रहेगा साथ ही समाज में अच्छा मान प्राप्त होगा, अच्छे वास्तु सलाहकार से विचार कर के घर खरीदना अधिक शुभ रहेगा।
उपाय:- दुर्गा जी को श्रृंगार का सामान और खीर का भोग शुक्रवार के दिन अर्पित करिए।
सिंह राशि
सिंह राशि वालों के लिए शुक्र तृतीय और दशम भाव के स्वामी बनकर तृतीय भाव से गोचर करेंगे अतः यात्राओं के योग बनेंगे व कार्य एवं धर्म से जुड़ी यात्रा होने की संभावना अधिक रहेगी, जो लोग काफी समय से नौकरी परिवर्तन का प्रयास कर रहे हैं उनके लिए यह समय अच्छा रहेगा एवं भाग्य का सहयोग भी प्राप्त होगा, स्थान परिवर्तन योग बन रहे हैं, विपरीत लिंग के प्रति आकर्षित होने से बचिए, हार्मोन्स या गुप्तांग से जुड़ी या डाइबिटीज की दिक्कत देखने को मिल सकती है।
उपाय:- नित्य लक्ष्मी स्तुति करिए औऱ छोटी कन्याओ को चॉकलेट गिफ्ट करिए।
कन्या राशि
कन्या राशि वालों के लिए शुक्र द्वितीय व नवम भाव के स्वामी बनकर द्वितीय भाव से गोचर करेंगे अतः भाग्य का सहयोग प्राप्त होगा व धन वृद्धि के कुछ माध्यम बनेंगे और परिवार में भी खुशी का कुछ माहौल सा बना रहेगा फिर भी स्वास्थ्य को लेकर थोड़ी चिंता सी मन में अनुभव हो सकती है अतः खान-पान का ध्यान रखें व व्यर्थ महिला के साथ विवाद में पड़ने से बचें, शुक्र का सूर्य के साथ संबंध पूर्व में की गई गलतियों में सुधार करने के लिए अच्छा रहेगा क्योंकि सूर्य का अगला गोचर निश्चय ही भाग्य वृद्धि का सूचक होने से लाभप्रद रहेगा, गुरुजनों व मित्रों का सहयोग भी प्राप्त होगा, कारोबारियों के लिए यह अच्छा समय रहेगा, किसी संपत्ति पर धन खर्च के योग है, अचानक यात्रा के योग बन सकते हैं।
उपाय:- नित्य श्रीसूक्त का पाठ करिए।
तुला राशि
तुला राशि वालों के लिए शुक्र प्रथम व अष्टम भाव के स्वामी बनकर प्रथम भाव से गोचर करेंगे जिससे आय वृद्धि के माध्यम बनेंगे व पिछले काफी समय से चले आ रहे तनाव में भी कुछ राहत अनुभव होगी, वाणी पर विशेष नियंत्रण रखें 16 नवंबर से सूर्य-मंगल का वाणी स्थान से संबंध वाणी में तेजी को दर्शाता है, अचानक यात्रा पर जाने के योग बनते दिखते हैं लेकिन शुक्र पर राहु की दृष्टि और चंद्र का दो क्रूर ग्रह से संबंध महिला से तनाव को दर्शाता है, दाम्पत्य जीवन में या घरेलू वातावरण या अन्य किसी भी स्थान पर महिला के साथ व्यर्थ विवाद में पड़ने से बचें व स्वास्थ्य के प्रति भी थोड़ा सचेत रहना शुभ रहेगा।
उपाय:- शुक्रवार का व्रत करें।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए शुक्र द्वादश व सप्तम भाव के स्वामी बनकर सप्तम भाव से गोचर करेंगे अतः यात्रा, विदेश यात्रा के योग बनेंगे, जो लोग काफी समय से नौकरी परिवर्तन या स्थान परिवर्तन का प्रयास कर रहे थे उनके लिए भी यह समय अच्छा रहेगा, अपनी भावनाओं पर नियंत्रण रखें व अपनी योजनाओं को गुप्त रखने से लाभ होगा एवं महिलाओं पर अधिक विश्वास करने से बचिए, खर्चों में वृद्धि के कारण से मन में थोड़ी चिंता संभव है, क्रोध पर विशेष नियंत्रण रखें व सोच-विचार कर निर्णय लीजिए लाभ होगा।
उपाय:- शुक्रवार के दिन पके हुए चावल में चीनी मिलाकर गाय को खिलाइए।
धनु राशि
धनु राशि वालों के लिए शुक्र एकादश भाव और षष्ठ भाव के स्वामी बनकर एकादश भाव से गोचर करेंगे हालांकि लाभ स्थान से सभी ग्रहों का गोचर अधिकांश लाभप्रद रहता है तो आय में वृद्धि के माध्यम बनेंगे व संतान की भी उन्नति होगी एवं बुद्धि के अंदर कुछ चतुराई के प्रयोग से सुख के साधन प्राप्त करने मे सफल रहेंगे फिर भी राहु की दृष्टि शुक्र पर रहने से मन के अंदर कुछ चिंता और उत्साह में थोड़ी कमी सी भी अनुभव होगी, जो लोग संतान की चाह रखते हैं उनके लिए यह समय अच्छा रहेगा, खर्चों भवन वृद्धि के योग व किसी महिला के कारण से क्षणिक तनाव संभव है।
उपाय:- लक्ष्मी स्तवन का नित्य पाठ करें।
मकर राशि
मकर राशि वालों के लिए शुक्र दो शुभ स्थान पंचम व दशम भाव के स्वामी बनकर दशम भाव से गोचर करेंगे अतः कारोबार के मार्ग में बड़ी सफलता प्राप्त होगी व चतुराई एवं बुद्धि-विवेक द्वारा समाज मे अच्छा मान भी प्राप्त होगा किंतु परिवार या कार्यस्थल पर किसी महिला के कारण से चिंता भी अनुभव हो सकती है या माता के स्वास्थ्य को लेकर थोड़ी चिंता अनुभव हो सकती है, गृहस्थ सुख में भी तनिक उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है हालांकि शुक्र का यह गोचर अधिकांश शुभ रहने से किसी संपत्ति के क्रय करने के योग बनते हैं, कारोबारियों के लिए शुक्र का यह गोचर अच्छा रहेगा, खान-पान का ध्यान दीजिए।
उपाय:- सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का नित्य पाठ करें।
कुंभ राशि
कुंभ राशि वालों के लिए शुक्र चतुर्थ व नवम भाव के स्वामी बनकर भाग्य स्थान से गोचर करेंगे अतः भाग्य का पूर्ण सहयोग प्राप्त होगा एवं रोजगार के मार्ग में भी उन्नति के नए रास्ते खुलेंगे व किसी महिला के सहयोग से भविष्य में लाभ के रास्ते बनते दिखेंगे, यात्रा पर जाने के योग बनते हैं, पार्टनरशिप में भी काम शुरू करने के लिए यह समय ठीक रहेगा, किसी संपत्ति को क्रय करने की योजना मन में बन सकती हैं, घर में किसी मेहमान के आगमन की सूचना मिल सकती है, जो लोग विवाह योग्य हो गए हैं उन्हें अच्छा रिश्ता मिलने के योग बन रहे हैं साथ ही जिनका विवाह पक्का हो गया है उनका विवाह उपरांत बड़ा भाग्योदय होगा या कार्यक्षेत्र में कोई बड़ी उन्नति प्राप्त होगी, नव दंपत्तियों को संतान से जुड़ा शुभ समाचार प्राप्त हो सकता है।
उपाय:- नित्य दुर्गा चालीसा का पाठ करें।
मीन राशि
मीन राशि वालों के लिए शुक्र तृतीय व अष्टम भाव के स्वामी बनकर अष्टम भाव में गोचर करेंगे शुक्र का यह गोचर निःसंदेह विदेश यात्रा के योग को दर्शाता है किंतु स्वास्थ्य के लिहाज से शुक्र का यह गोचर लाभदायक नही है अतः स्वास्थ्य के प्रति थोड़ा सतर्क रहें, अचानक खर्चों में वृद्धि के योग हैं, जो लोग काफी समय से नौकरी परिवर्तन का इंतजार कर रहे हैं उनके लिए प्रयास आरंभ करने का यह सही समय है, गुरुजनों व मित्रों का सहयोग प्राप्त होगा व चतुराई द्वारा शत्रुओं पर विजय प्राप्त होगी फिर भी मन मे असंतोष रहेगा और लग्जरी चीजों या किसी संपत्ति को क्रय करने में भी धन का खर्च होगा।
उपाय:- नित्य दुर्गा चालीसा का पाठ करें।
जय श्री राम।
